पंच-सरपंच संघ की बैठक मे पहुंचे पुलिस महानिदेशक,शराबबंदी से लेकर मानवीय मुल्यो तक पर कही बातें-

पटना-पूर्व नियोजित कार्यक्रम के अंतर्गत आज बिहार राज्य पंचायत परिषद,पटना के सभागार मे प्रथम पाली मे पंच-सरपंच संघ की राज्य स्तरीय महाबैठक एवं दुसरी पाली मे पुलिस-पब्लिक प्रधान संवाद का आयोजन हुआ.पुलिस-पब्लिक प्रधान संवाद कार्यक्रम मे बतौर मुख्य अतिथी बिहार के पुलिस महानिदेशक गुप्तेश्वर पांडे ने शिरकत की.सबसे पहले संघ के प्रदेश अध्यक्ष अमोद कुमार निराला ने डीजीपी को पुष्प गुच्छ दे कर सम्मानीत किया जिसके बाद संघ के संरक्षक दीपक सोनी ने डायरी एवं अंगवस्त्र दे कर सम्मानीत किया.

गौरतलब है की ग्रामीण क्षेत्रों में लंबित छोटे मामलों के निष्पादन मे सरपंच की अहम भुमिका होती है.विगत सालों मे ग्राम कचहरी के न्यायीक जनप्रतिनिधियों ने सुबे के लाखों मामलों का निपटारा किया है.फिर भी उचित सुरक्षा,साधन और प्रशासनीक उदासीनता के कारण न्यायिक जनप्रतिनिधि अपने ग्राम कचहरी के क्षमताओं के मुताबिक मामलों का निपटारा नहीं कर पा रहे हैं.विगत कई सालों से धरना,प्रदर्शन और बड़े अधिकारियों,मंत्रियों से मिलने और न्यायिक कार्यों के निपटाने में आ रही समस्याओं से उन्हें अवगत कराने के बावजूद न्यायिक जनप्रतिनिधियों के समस्याओं का निपटारा नहीं हो रहा है.विगत कई सालों से इस संबंध मे पंच-सरपंच संघ के बिहार के प्रदेश अध्यक्ष अमोद कुमार निराला की अगुआई मे पंच-सरपंच संघ लगातार संघर्ष कर रहा है.इन्ही सब बिंदुओ पर चर्चा और पुलिस महानिदेशक को अपनी समस्याओं से अवगत करा समस्याओं के निपटारे के लिए आज यह संवाद कार्यक्रम का आयोजन हुआ था. अपराध नियत्रंण और नशा मुक्ति को लेकर सजग और आम जनता से लगातार मुखातीब रहने वाले बिहार के डीजीपी गुप्तेश्वर पांडे ने न्यायिक जनप्रतिनिधियों को न्यायिक कार्यों के निष्पादन में आने वाली प्रशासनिक दिक्कतों और प्रशासन स्तरीय समस्याओं के समाधान का पुरा भरोसा दिलाया.

राज्य के सभी जिलों से पहुंचे न्यायीक जनप्रतिनीधीयों ने न्यायीक कार्यो के निष्पादन के दौरान होने वाली समस्याओं और झुठे मुकदमों मे न्यायीक जनप्रतिनीधीयों को फसाये जाने संबंधी समस्याओं से भी लिखीत आवेदन दे कर अवगत कराया. जिसपर पुलिस महानिदेशक ने मामलो पर उचित कारवाई संबंधीत आश्वासन दिया.प्रदेश अध्यक्ष अमोद कुमार निराला ने संघ की ओर से पुलिस महानिदेशक श्री पांडे को एक पांच सुत्री मांगो का ज्ञापन भी सौंपा जो पुर्व मे बिहार राज्य पंचायत अधिनियम 2006 से प्राप्त पुलिस विषयों से संबंधित शक्तियों के संदर्भ में निर्गत डीजीपी का आदेश,नोटिस तामिला हेतु ग्राम कचहरी स्तर पर चौकीदार की नियुक्ति,इच्छुक न्यायिक जनप्रतिनिधि को जानमाल सुरक्षा हेतु अग्ने शास्त्र के अनुज्ञप्ति की अनुमति,सभी पंचायतों,वार्डों में जनप्रतिनिधियों की सम्मति से ग्राम रक्षा दल के अस्थाई नियुक्ति,न्यायीक जनप्रतिनिधियों को फसाऐं गए झूठे मुकदमों का उच्चस्तरीय जांच कर स्पीडी ट्रायल के माध्यम से दोषियों को सजा आदी मांगो के संबंध मे है.

लगभग अपने चालीस मिनट के संबोधन मे पुलिस महानिदेशक ने शराबबंदी के बाद अपराध के आकड़ो मे आई कमी,नशा से होने वाले नुकसान और मानवीय मुल्यो पर प्रकाश डाला.उन्होने जनप्रतिनीधीयों से भी नशा मुक्त बिहार बनाने हेतु सहयोग की अपिल की.
उक्त राज्य स्तरीय महाबैठक मे सभी 38 जिलो के माननीय जिलाध्यक्ष,अनुमण्डलाध्यक्ष,उपाध्यक्ष,महासचिव, संयोजक,संरक्षक,प्रदेश पदाधिकारी,कार्यसमिति सदस्य,प्रमंडल और जिला संगठन प्रभारी,सहयोगी मार्गदर्शन सरपंच,उपसरपंच एवं पंच उपस्थित थे.उक्त कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के तौर पर पंच-सरपंच संघ के संस्थापक अखिलेश बाबा भी मौजुद थे.
रवि शर्मा…