अंतरराष्ट्रीय गौ-तस्कर गोपालगंज से गिरफ्तार,हवाला कारोबार से भी जुड़े है तार-

पटना-बिहार की गोपालगंज पुलिस ने एक बड़ी कारवाई करते हुए प्राप्त हुए ख़ुफ़िया जानकारी के आधार पर आसाम और पूर्वोत्तर राज्यों के कुख्यात गौ तस्कर को गिरफ्तार किया है. जिस तस्कर की गिरफ़्तारी हुई है उसे आसाम सरकार पिछले डेढ़ साल से गिरफ्तार करने की योजना बना रही थी लेकिन यह तस्कर बांग्लादेश की सीमा में घुसकर शरण ले लेता था.गोपालगंज पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार तस्कर हवाला का भी बड़ा कारोबारी है जो पशुओं की तस्करी के बदले हवाला के जरिये बांग्लादेश से पैसे का बड़े पैमाने पर ट्रांजेक्शन करता था. यह गिरफ़्तारी एसपी प्रभारी विनय तिवारी के नेतृत्व में फुलवरिया के पाण्डेय परसा गांव से की गई है.
गिरफ्तार गौ-तस्कर की गिरफ़्तारी को लेकर आसाम के सीएम और डीजीपी स्तर से मोनिटरिंग की जा रही थी. गोपालगंज पुलिस को आईबी और आसाम पुलिस के द्वारा ख़ुफ़िया इनपुट मिला था कि मोहम्मज सरफराज चार दिनों से गोपालगंज स्थित अपने गांव में शरण लिए हुए है. इसी सूचना के आधार फुलवरिया पुलिस और उचकागांव पुलिस की टीम ने इस तस्कर को गिरफ्तार किया है. उक्त तस्कर आसाम सरकार का मोस्ट वांटेड तस्कर और हवाला कारोबारी की लिस्ट में है. पूर्वोत्तर राज्यों के साथ बिहार और यूपी का यह बड़ा तस्कर और हवाला कारोबारी है.
एसपी के मुताबिक गिरफ्तार तस्कर को गोपालगंज कोर्ट में पेश करने के बाद आसाम पुलिस को सौंप दिया जायेगा. इसके साथ ही हवाला कारोबार में पैसे के लिंक को लेकर मामले की छानबीन की जाएगी. बता दें कि हवाला के जरिये ही टेरर फंडिंग को लेकर गोपालगंज के कई युवकों को गिरफ्तार किया गया था. जिसे एनआईए की टीम ने दो वर्षो पूर्व गिरफ्तार किया था. एसपी विनय तिवारी ने बताया की गिरफ्तार अन्तरराष्ट्रीय गौ तस्कर मोहम्मद सरफराज फुलवरिया के पाण्डेय परसा गांव का रहने वाला है. ये तस्कर आसाम और पूर्वोत्तर राज्यों से गायों की तस्करी कर उन्हें बांग्लादेश भेजता था फिर बांग्लादेश से उसके बदले हवाला के जरिये पैसे का कारोबार करता था. यह कुख्यात तस्कर पिछले आठ साल से पूर्वोत्तर राज्यों में सक्रिय था. जो देश के चिकेन नेक कहे जाने वाले चिकेन नेक कॉरिडोर के जरिये गौ तस्करी कर उन्हें बांग्लादेश में भेजने का नेटवर्क चलाता है. इसकी तलाश आसाम पुलिस को डेढ़ साल से थी.

टीम रिपोर्ट